www.vaidiksanskrit.com

सोमवार, 21 मार्च 2016

वैदिक-छन्द--1

!!!---: वैदिक-छन्द :---!!!
=========================
www.vaidiksanskrit.com

यह लेख बहुत से पाठकों की माँग पर लिखा जा रहा है । हमारे सुधी पाठक बहुत समय से यह माँग कर रहे थे कि छन्द पर कुछ लिखें । वैदिक छन्दों की जानकारी हम इसी पृष्ठ पर देंगे, किन्तु लौकिक छन्दों की जानकारी गीर्वाणवाणी पृष्ठ पर दे रहे हैं । पाठकों से निवेदन है कि वे इस लेख को अवश्य पढें और लेख को शेयर करें ।

वेद के विद्वानों, पाठकों और स्वाध्यायशील महानुभावों के समक्ष यह विस्तृत लेख "वैदिक-छन्द" प्रस्तुत किया जा रहा है । वैदिक छन्दःशास्त्र का विषय अतिगम्भीर और बहुत विस्तृत है । प्राचीनकाल में वैदिक छन्दःशास्त्र सम्बन्धी बहुत से ग्रन्थ विद्यमान थे । वे प्रायः कराल काल के चक्र में लुप्त हो गए । इस समय उनमें से कतिपय ग्रन्थों और ग्रन्थकारों ने ही नाम संस्कृत वाङ्मय में उपलब्ध होते हैंः------

(1.) ऋक्प्रातिशाख्य----शौनक प्रोक्त
(2.) ऋक्सर्वामुक्रमणी----कात्यायन प्रोक्त,
(3.) निदानसूत्र---पतञ्जलि प्रोक्त,
(4.) उपनिदानसूत्र---गार्ग्य प्रोक्त,
(5.) शाङ्खायन श्रौत----शांखायन प्रोक्त,
(6.) ऋगर्थदीपिका--अन्तर्गत छन्दोनुक्रमणी--वेकंट माधव प्रोक्त,
(7.) छन्दःसूत्र---पिङ्गल प्रोक्त,
(8.) छन्दःसूत्र---जयदेव प्रोक्त,

इन आठ पाठों में प्रथम 6 ग्रन्थों के मुख्य प्रतिपाद्य विषय अन्य है, इनमें प्रसंगात् वैदिक छन्दों के लक्षण और प्रपञ्च दिखाएँ हैं । केवल अन्तिम दो ग्रन्थ ही ऐसे हैं, जो विशुद्ध से छन्दोविषयक हैं । इन दोनों ग्रन्थों में वैदिक और लौकिक दोनों प्रकार के छन्द विद्यमान है ।

ऊपर जितने उपलब्ध छन्दःशास्त्रों का उल्लेख किया है, उनमें केवल पिंगल प्रोक्त छन्दोविचिति ही सर्वसाधारण है । अन्य ग्रन्थ प्रायः तत्-तत् संहिता-विशेषों से और वह भी याज्ञिक प्रक्रिया से सम्बन्ध रखते हैं । इसलिए हम वैदिक छन्दों के ज्ञान के लिए इसी ग्रन्थ से परिभाषा और उदाहरण प्रस्तुत करेंगे ।

संस्कृत वाङ्मय में छन्दःशास्त्र एक प्रमुख और महत्त्वपूर्ण स्थान रखता है । संसार के समस्त वाङ्मय में प्राचीन और मूर्धाभिषिक्त वेद का यह साक्षात् उपकारक है । इसलिए वेद के अर्थ-ज्ञान में साक्षात उपकारक षडंगों में इसे अन्यतम स्थान प्राप्त है । छन्दःशास्त्र वेद का पादवत् उपकारक हैः---"छन्दः पादौ तु वेदस्य" वेदार्थ का महत्त्वपूर्ण प्रासाद इसी शास्त्र की नींव पर प्रतिष्ठित है . इसलिए इस शास्त्र के सम्यक् ज्ञान के विना वेद के सूक्ष्म अर्थ की प्रतीति असम्भव है ।

यह लेख बहुत विस्तृत है, अतः इसे थोडा-थोडा करके प्रस्तुत करेंगे । व्यवधान के लिए हम क्षमाप्रार्थी हैं ।




============================
===========================
www.vaidiksanskrit.com
हमारे सहयोगी पृष्ठः--
(1.) वैदिक साहित्य हिन्दी में
www.facebook.com/vaidiksanskrit
(2.) वैदिक साहित्य संस्कृत में
www.facebook.com/vedisanskrit
(3.) लौकिक साहित्य हिन्दी में
www.facebook.com/laukiksanskrit
(4.) लौकिक साहित्य संस्कृत में
www.facebook.com/girvanvani
(5.) संस्कृत सीखिए--
www.facebook.com/shishusanskritam
(6.) चाणक्य नीति
www.facebook.com/chaanakyaneeti
(7.) संस्कृत-हिन्दी में कथा
www.facebook.com/kathamanzari
(8.) संस्कृत-हिन्दी में काव्य
www.facebook.com/kavyanzali
(9.) आयुर्वेद और उपचार
www.facebook.com/gyankisima
(10.) भारत की विशेषताएँ--
www.facebook.com/jaibharatmahan
(11.) आर्य विचारधारा
www.facebook.com/satyasanatanvaidik
(12.) हिन्दी में सामान्य-ज्ञान
www.facebook.com/jnanodaya
(13.) संदेश, कविताएँ, चुटकुले आदि
www.facebook.com/somwad
(14.) उर्दू-हिन्दी की गजलें, शेर-ओ-शायरी
www.facebook.com/dilorshayari
(15.) अन्ताराष्ट्रिय कवि प्रवीण शुक्ल
www.facebook.com/kavipraveenshukla
हमारे समूहः---
(1.) वैदिक संस्कृत
https://www.facebook.com/groups/www.vaidiksanskrit
(2.) लौकिक संस्कृत
https://www.facebook.com/groups/laukiksanskrit
(3.) ज्ञानोदय
https://www.facebook.com/groups/jnanodaya
(4.) नीतिदर्पण
https://www.facebook.com/groups/neetidarpan
(5.) भाषाणां जननी संस्कृत भाषा
https://www.facebook.com/groups/bhashanam
(6.) शिशु संस्कृतम्
https://www.facebook.com/groups/bharatiyasanskrit
(7.) संस्कृत प्रश्नमञ्च
https://www.facebook.com/groups/sanskritprashna
(8.) भारतीय महापुरुष
https://www.facebook.com/groups/bharatiyamaha
(9.) आयुर्वेद और हमारा जीवन
https://www.facebook.com/groups/vedauraaryurved
(10.) जीवन का आधार
https://www.facebook.com/groups/tatsukhe
(11.) आर्यावर्त्त निर्माण
https://www.facebook.com/groups/aaryavartnirman
(12.) कृण्वन्तो विश्वमार्यम्
https://www.facebook.com/groups/krinvanto
(13) कथा-मञ्जरी
https://www.facebook.com/groups/kathamanzari
(14.) आर्य फेसबुक
https://www.facebook.com/groups/aryavaidik
(15.) गीर्वाणवाणी
https://www.facebook.com/groups/girvanvani

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें